Death Anniversary: बापू के जीवन पर बनी कई फिल्में, लेकिन उन्होंने अपने जीवन में सिर्फ दो फिल्में देखी

0
112
Mahatma Gandhi movie
Mahatma Gandhi movie

मुंबई। महात्मा गांधी की 30 जनवरी को डेथ एनिवर्सरी है। उन पर बॉलीवुड, हॉलीवुड सहित दुनिया के कोेने-कोने में कई फिल्मों का निर्माण किया गया है। बताया जाता है वे सिनेमा से अपने पूरे जीवन दूर ही रहे हैं। हालांकि उन्होंने अपने जीवन में दो फिल्मों को देखा है। इनमें एक बॉलीवुड की ‘राम राज्य’ वहीं, दूसरी हॉलीवुड मूवी ‘मिशन टू मॉस्को’ थी। दरअसल, राम राज्य देखने का किस्सा भी दिलचस्प है। इस फिल्म का शो मुंबई के जुहू में रख गया था। उस वक्त बापू मौन व्रत रखे हुए थे। वे बीमार भी थे। इस वजह से उनके अनुयायियों ने उन्हें 1943 में विजय भट्ट के निर्देशन में बनी फिल्म ‘राम राज्य’ देखने का आग्रह किया जिसे वे टाल नहीं सके। लेकिन डॉक्टरों ने सिर्फ आधे घंटे तक ही फिल्म देखने की सलाह दी। आखिरकार बापू फिल्म राम राज्य देखने पहुंचे। जो उन्हें इतनी पसंद आई कि वे इसे करीब 1 घंटे तक देखते रहें। इसके अलावा महात्मा गांधी ने हॉलीवुड फिल्म ‘मिशन टू मॉस्को’ देखी थी।
इसके अलावा हम उनके जीवन पर बनी फिल्मों का जिक्र करें तो सबसे ज्यादा हिट रही 1982 में आई ‘गांधी’ ही थी। ब्रिटिश अभिनेता बेन किंग्सले ने इसमें बापू का किरदार निभाया था। इस फिल्म का 1983 के आॅस्कर अवॉर्ड में दबदबा रहा था। ‘गांधी’ को विभिन्न श्रेणियों के लिए 11 बार नोमिनेट किया गया था और फिल्म ने 8 आॅस्कर अवॉर्ड अपने नाम किए थे। फिल्म में बिहार के चंपारण आंदोलन को दिखाया गया। फिल्म में अमरीश पुरी, ओम पुरी, रोहिणी हट्टंगणी और रजित कपूर जैसे कलाकारों ने दमदार अभिनय किया था। इससे पहले साल 1954 में महात्मा गांधी पर आधारित फिल्म ‘जागृति’ को भला कैसे भूल सकते हैं, जिसका गाना ‘साबरमती के संत तूने कर दिया कमाल’ काफी पॉपुलर रहा है। इसे आशा भोसले ने गाया था।
साल 2020 में उनके विचारों पर आई कमल हासने की ‘हे राम’ आई। इस फिल्म को भी उस साल भारत की तरफ से आॅस्कर के लिए भेजा गया था। कमल और नसीर के अलावा फिल्म में शाहरुख खान, अतुल कुलकर्णी, रानी मुखर्जी, गिरीश कर्नाड, ओमपुरी जैसे बेहतरीन कलाकार नजर आए थे।
वहीं, श्याम बेनेगल की मेकिंग आॅफ महात्मा में रंजित कपूर ने गांधीजी का किरदार निभाया था। इस फिल्म के लिए उन्हें बेस्ट ऐक्टर का सिल्वर लोटस अवॉर्ड भी मिला था। फिल्म में मोहनदास करमचंद गांधी के महात्मा बनने तक के सफर को दिखाया गया है।
संजय दत्त अभिनीत लगे रहो मुन्नाभाई में बापू को एक अलग ही तरीके से पेश किया गया। राजकुमार हिरानी की इस फिल्म में संजय दत्त के किरदार को अक्सर बापू दिखते थे। इस फिल्म ने भारत के साथ ही यूएस में भी कई अहिंसात्मक आंदोलनों को प्रेरणा दी। यूनाइटेड स्टेट नेशन में दिखाई जाने वाली यह पहली हिंदी फिल्म है।
फिर आई अल्जीरियन डायरेक्टर करीम ट्राडिया निर्देशित ‘गांधी: द कॉन्सपिरेसी’। इस फिल्म में हॉलीवुड कलाकारों के साथ ही ओमपुरी, रजित कपूर, गोविंद नामदेव, राजपाल यादव और अवतार गिल जैसे कलाकारों ने अहम किरदार निभाए थे।
2007 में आई अनिल कपूर की ‘गांधी, माई फादर’में गांधी का किरदार दर्शन जरीवाला और उनके बेटे हरिलाल गांधी का किरदार अक्षय खन्ना ने निभाया था। फिल्म में दिखाया है कि हरिलाल को लगता है कि ‘देश के पिता’ होने के बावजूद महात्मा गांधी उसके लिए एक अच्छे पिता होने में असफल हैं। फिल्म को नेशनल अवॉर्ड मिला था। इसके अलावा 2005 में ‘मैंने गांधी को नहीं मारा’, 1993 में केतन मेहता की फिल्म सरदार जैसी फिल्में शामिल है।