Birthday स्पेशल: Amir Khan मतलब परफेक्शन, एनर्जी और इटेंनसिटी

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Amir Khan with parents
Amir khan shared this picture 12 may 2019 on Instagram.

BolBolBollywood, Special, मुंबई। तीन दशक पुराने फिल्मी करियर वाले अभिनेता आमिर खान (Amir Khan) आज अपना बर्थडे सेलिब्रेट कर रहे हैं। उनका जन्म 14 मार्च 1965 को हुआ था। वे बॉलीवुड इंडस्ट्री के एकलौते ऐसे अभिनेता है जिन्होंने अपने हर कैरेक्टर इतने परफेक्शन से निभाया कि वह कैरेक्टर अगली फिल्म तक उनकी पहचान बन जाता है। जैसे पीके आई तो लोग उन्हें एलियन ‘पीके’ की तरह देखने लगे। लगान आई तो भुवन की मासूमियत लोगों को लम्बे समय तक याद रहा। रंगीला के ‘वर्ल्ड फेमस मुन्ना’ को कौन भूल सकता है।

हर बार उनकी अदाकारी में परफेक्शन, एनर्जी और इटेंनसिटी का ऐसा कॉम्बिनेशन सामने आता है कि हर किरदार यादगार बन जाता है। उनके संवाद लम्बे समय तक याद रखे जाने वाले संवादों में से एक रहते हैं। थ्री इडियट फिल्म का संवाद उनके ‘कैरेक्टर’ की पूरी कहानी बयां करता है। जिसमें वे कहते हैं ‘काबिल बनो। कामयाबी झक मारके पीछे आएगी।’

संभवत: इसी वजह से वे अपनी लाइफ की अधिकतर फिल्मों में परफेक्शन के लिए जाने जाते हैं। परफेक्शन यानि हर उस किरदार में खुद को ढाल लेना जिसे वे निभाने जा रहे हैं। रंगीला का वह डॉयलॉग कौन भूल सकता हे। जिसमें उनका किरदार कहता है कि ‘तु नहीं जानता अपुन को, अपुन इस इलाके में वर्ल्ड फेमस है वर्ल्ड फेमस।’ पीके का एक हमारा एक ठो सवाल है… को इस खूबसूरती से पेश किया कि उनकी मासूमियत भरी एक्टिंग लाजवाब बनकर उभरी है। अंदाज अपना-अपना का ‘आप पुरुष नहीं महापुरुष है’ आज भी दर्शकों को गुदगुदा रहा है।

लाल सिंह चड्डा का इंतजार
यह फिल्म इस साल दिसंबर क्रिसमस में रिलीज होगी। दरअसल, यह फेस्टिवल आमिर के लिए हमेशा लकी रहा है। इनमें 25 दिसंबर, 2008 को रिलीज हुई गजनी, 25 दिसंबर, 2009 की 3 इडियट्स , 21 दिसंबर, 2007 की तारे जमीन पर, 20 दिसंबर, 2013 धूम 3, 19 दिसंबर, 2014 पीके और 23 दिसंबर, 2016 की दंगल शामिल है। इसके बाद अब फिर बहुप्रतीक्षित लाल सिंह चड्डा क्रिसमस पर 2021 में रिलीज होने जा रही है। फिल्म को आमिर ने खुद प्रोड्यूस किया है और इसे अद्वैत चंदन ने निर्देशित किया है। फिल्म में आमिर के साथ एक बार फिर करीना कपूर खान और तमिल स्टार विजय सेतुपति भी नजर आएंगे।

पिता थे प्रोड्यूसर
आमिर खान के पिता ताहिर हुसैन फिल्म प्रोड्यूसर थे। लेकिन, वे इस फील्ड में असफल साबित हुए। इससे सबक लेते हुए उनका परिवार चाहता था कि आमिर खान फिल्मों में आए और इंजीनियर या डॉक्टर बने। मगर आमिर खान सिर्फ 12वीं तक ही पढ़ाई कर सकें।

यादों की बारात में चाइल्ड आर्टिस्ट
अभिनेता आमिर खान ने साल 1973 की फिल्म यादों की बारात में एक चाइल्ड एक्टर के तौर पर अपने करियर की शुरूआत की। फिल्म मंजिल-मंजिल से एक असिस्टेंट डायरेक्टर के तौर पर नजर आए। बहुत कम लोग जानते होंगे कि ये वही साल था जिसे आमिर खान के करियर का एक्टिंग डेब्यू माना जाता है। फिल्म होली से उन्होंने मेच्योर्ड एक्टर के तौर पर अपने एक्टिंग करियर की शुरूआत की थी।

आमिर खान ने 1988 में वे सुपरहिट फिल्म ‘कयामत से कयामत’ तक में नजर आए। यही से उनके करियर ने रफ्तार पकड़ ली। फिल्म आमिर की अदाकारी टर्निंग प्वाइंट साबित हुई। इसके बाद तो जैसे उनके करियर को पंख लग गए। वे दिल है की मानता नहीं, राख, दिल, हम हैं राही प्यार के, अंदाज अपना-अपना, जो जीता वही सिकंदर जैसी सुपरहिट फिल्मों में दिखाई दिए। यही नहीं बाजी, रंगीला, राजा हिंदुस्तानी, इश्क, अर्थ, सरफरोश, मन जैसी अलग-अलग जॉनर की फिल्मों में उनके काम को खूब बाहबाही मिली थी। आगे लगान, गजनी, फना, दिल चाहता है, 3 ईडियट्स, धोबी घाट, धूम 3, पीके और ठग्स आॅफ हिंदोस्तान जैसी फिल्म में नजर आए।